हल्द्वानी, 29 जून।
शहर के व्यस्त कालाढूंगी रोड पर रविवार दिनांक 28 जून की रात शराबी चालक ने तेज रफ्तार और बेकाबू कार से जमकर उत्पात मचाया। इस दौरान कई दोपहिया वाहन, राहगीर और सड़क किनारे खड़े लोग उसकी कार की चपेट में आ गए। हादसे में एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई, जबकि कई अन्य लोगों को भी चोटें आई हैं। घटना के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी और आक्रोश का माहौल बन गया।
जानकारी के अनुसार, रविवार रात करीब साढ़े आठ बजे कालाढूंगी रोड स्थित जेल रोड चौराहे के पास यूनियन बैंक के सामने से एक कार अचानक अनियंत्रित हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक कार चालक ने वाहन पर नियंत्रण खो दिया और रिलैक्सो शोरूम तक के रास्ते में तीन से चार दोपहिया वाहनों समेत कई राहगीरों को टक्कर मार दी। तेज रफ्तार कार की टक्कर इतनी जोरदार थी कि आसपास मौजूद लोगों को पहले लगा मानो किसी ट्रांसफॉर्मर में विस्फोट हो गया हो।
हादसे में एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई, जिसे तत्काल उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। इसके अलावा कई अन्य लोगों को भी चोटें आई हैं। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि चालक पूरी तरह शराब के नशे में था और उसे अपने आसपास की स्थिति का कोई अंदाजा नहीं था।
घटना के बाद मौके पर भारी संख्या में लोग एकत्र हो गए। आक्रोशित भीड़ ने कार संख्या यूके-04ए-9153 के चालक पंकज जोशी को पकड़ लिया और उसकी जमकर पिटाई कर दी। लोगों ने उसे कार से बाहर निकाला तो वह नशे में इतना धुत था कि ठीक से खड़ा भी नहीं हो पा रहा था।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार चालक को इस बात का भी कोई एहसास नहीं था कि उसकी लापरवाही के कारण कई लोग घायल हो चुके हैं और एक महिला की जान खतरे में पड़ गई है।
बताया जा रहा है कि बेकाबू कार अंततः एक बिजली के पोल से जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के दोनों एयरबैग खुल गए, जिससे चालक की जान बच गई। वाहन को भी काफी नुकसान पहुंचा है।
स्थानीय लोगों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दे दी गई थी, लेकिन पुलिस लगभग 45 मिनट बाद घटनास्थल पर पहुंची। इस दौरान आक्रोशित भीड़ ने चालक को अपने कब्जे में रखा।
सूचना मिलने पर कोतवाल विजय मेहता पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और भीड़ के बीच से चालक को सुरक्षित निकालकर हिरासत में लिया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त कार को कब्जे में लेकर कोतवाली पहुंचा दिया है। चालक का चिकित्सकीय परीक्षण कराया जा रहा है तथा मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
घटना के बाद क्षेत्र में देर रात तक लोगों की भीड़ जमा रही। स्थानीय नागरिकों ने शराब पीकर वाहन चलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए पुलिस प्रशासन से सड़क सुरक्षा के लिए सख्त कदम उठाने की अपील की है।
Mh7news व जनता का सवाल :- पुलिस प्रशासन की इतनी कड़ी सुरक्षा और “ऑपरशन प्रहार” के चलते हुए भी उत्तराखंड के “ड्राइव एंड डिंग” के केस लगातार बढ़ते जा रहे है आखिर क्यों? इस तरह के अपराधियों को पकड़ा जाता है,चालान भी होता है परन्तु फिर उसके बाद क्या ? पुलिस के मुताबिक सख्त कार्यवाही भी होते है तो फिर ऐसा क्यों ?