हरिद्वार,9 जुलाई ।
राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-334ए (पुरकाजी-लक्सर-हरिद्वार) के चौड़ीकरण एवं निर्माण कार्य को गति देने के लिए जिला प्रशासन ने हरिद्वार और लक्सर तहसील के 23 प्रभावित गांवों में भूमि संबंधी गतिविधियों पर अस्थायी रोक लगा दी है। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के आदेश पर जारी निर्देशों के अनुसार यह कार्रवाई राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम, 1956 की धारा 3A के तहत प्रस्तावित भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी होने तक प्रभावी रहेगी। �


जारी आदेश के अनुसार प्रभावित गांवों में कृषि भूमि का गैर-कृषि भूमि में परिवर्तन (लैंड यूज चेंज), भूमि की खरीद-फरोख्त, रजिस्ट्री, बैनामा तथा भूमि की प्रकृति में परिवर्तन पर रोक रहेगी। प्रशासन का कहना है कि यह कदम भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया को पारदर्शी और सुचारु बनाने तथा अवैध निर्माण एवं अनधिकृत भूमि लेन-देन को रोकने के उद्देश्य से उठाया गया है। �
प्रतिबंध के दायरे में हरिद्वार तहसील के 18 गांव—टिक्कमपुर, मोहम्मदपुर कुन्हारी, जसोधरपुर, बादशाहपुर शेरपुर भट्टीपुर, बाणगंगा नंबर-2, धमोली उर्फ खेरवाला, शाहपुर शीतलाखेड़ा, भवानीपुर जमालपुर, मुस्तफाबाद, पदार्थ उर्फ धनपुरा, फेरुपुर रामखेड़ा, कटारपुर अलीपुर, किशनपुर, जियापोता, नूरपुर पंजनहेड़ी, जमालपुर कला, मिस्सरपुर मुस्तहकम और जगजीतपुर शामिल हैं। वहीं लक्सर तहसील के 5 गांव—फिदाईपुर, सुल्तानपुर आदमपुर, पुंडरीपुर उर्फ पीपली, बुड़्डाखेड़ा मीमला तथा अकबरपुर ऊद भी इस आदेश के दायरे में आए हैं। �
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह प्रतिबंध भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी होने तक प्रभावी रहेगा।