हरिद्वार,20 जुलाई।
हरिद्वार प्रेस क्लब में आयोजित प्रेस वार्ता में लक्सर के भाजपा नेता रहे प्रमोद खारी ने भाजपा सरकार और संगठन पर तीखा हमला बोलते हुए अपने इस्तीफे के पीछे की वजह सार्वजनिक की। उन्होंने दावा किया कि उनके साथ करीब 2000 कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने भी भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दिया है, जिसे उन्होंने लक्सर की राजनीति में बड़ा जनसमर्थन बताया।
प्रमोद खारी ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में प्रदेश में जनप्रतिनिधियों के बजाय अफसरशाही हावी हो गई है। उन्होंने प्रशासनिक अफसर पर निशाना साधते हुए कहा की सांसद (पूर्व मुख्यमंत्री) की बात भी नहीं सुनी जा रही ही तो इससे स्पष्ट होता है की पहली बार देखा जा रहा है की सरकार को अफसर चला रहे है।
इस सरकार में जनता की समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा और आम लोगों की आवाज़ शासन-प्रशासन तक नहीं पहुंच रही। उनका आरोप था कि सरकार बेरोजगारी, महंगाई और जनसमस्याओं जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को गंभीरता से नहीं ले रही है। पूर्ण रूप से सरकार भष्ट हो चुकी है।
उन्होंने कहा कि उन्होंने समय-समय पर क्षेत्र और जनता से जुड़े मुद्दे संगठन के सामने उठाए, लेकिन न तो संगठन ने उनका साथ दिया और न ही जनता की आवाज़ को महत्व दिया। उनका कहना था कि विकास कार्यों में भी अपेक्षित गति नहीं है और आम लोगों की समस्याओं का समाधान लगातार उपेक्षित रहा।
प्रमोद खारी ने कहा कि इन्हीं परिस्थितियों और जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए उन्होंने भाजपा से इस्तीफा देने का फैसला लिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका संघर्ष किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं, बल्कि जनता के अधिकारों और क्षेत्र के विकास के लिए है।
प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने संकेत दिए कि वह आगे भी जनता के बीच रहकर उनकी आवाज़ बुलंद करेंगे और भविष्य की राजनीतिक दिशा का निर्णय समर्थकों और क्षेत्र की जनता की राय के अनुसार लिया जाएगा। प्रेस वार्ता के दौरान नमन गोस्वामी, हरदीप चौधरी, विपिन सिंह, शान, मनीष चौधरी, मनोज व दीपक समेत समर्थक शामिल हुए।
हालांकि, प्रमोद खारी के आरोपों पर भाजपा की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।