ASP समेत 13 DSP को नई तैनाती, हरिद्वार में IPS देव व्रत जोशी संभालेंगे सहायक पुलिस अधीक्षक की जिम्मेदारी
देहरादून / हरिद्वार ,22 सितम्बर 2026।
उत्तराखंड पुलिस मुख्यालय ने पुलिस विभाग में प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए एक सहायक पुलिस अधीक्षक (ASP) और 13 पुलिस उपाधीक्षकों (DSP) समेत कुल 14 अधिकारियों को नई तैनाती दी है। पुलिस मुख्यालय की ओर से यह आदेश विभिन्न जनपदों एवं पुलिस इकाइयों में रिक्त पदों और विभागीय आवश्यकता के आधार पर जारी किया गया है।
इस फेरबदल के तहत IPS देव व्रत जोशी (RR-2023) को सहायक पुलिस अधीक्षक, हरिद्वार की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उनकी तैनाती ऐसे समय में हुई है जब हरिद्वार जैसे महत्वपूर्ण जिले में कानून-व्यवस्था, यातायात व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और आगामी आयोजनों को लेकर पुलिस प्रशासन पर लगातार जिम्मेदारियां बनी रहती हैं।
पदोन्नति के बाद इन अधिकारियों को मिली तैनाती
पदोन्नति के बाद पुलिस विभाग में अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। इनमें शामिल हैं। –
- राजेश साह — बागेश्वर
- प्रदीप पंत — 40वीं वाहिनी PAC, हरिद्वार
- नदीम अतहर — IRB द्वितीय, देहरादून
शिक्षण पूरा करने के बाद नई जिम्मेदारी
प्रशिक्षण पूरा करने के बाद कई अधिकारियों को विभिन्न जनपदों में तैनाती दी गई है। जिन्हे नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। हैं।—
- दक्ष शोखंद — हरिद्वार
- दिव्येश उपाध्याय — पौड़ी गढ़वाल
- अंकित थपलियाल — ऊधमसिंहनगर
- लव शर्मा — नैनीताल
- तनुजा बिष्ट — टिहरी गढ़वाल
- आदित्य तिवारी — देहरादून
- समीरण भट्ट — नैनीताल
- दीप्ति कैड़ा — पिथौरागढ़
- अवनी तिवारी — रुद्रप्रयाग
- विनय सिंह — नैनीताल
नैनीताल में तीन DSP की तैनाती अहम
इस फेरबदल में नैनीताल जिले को विशेष रूप से महत्वपूर्ण तैनाती मिली है। यहां तीन पुलिस उपाधीक्षकों—लव शर्मा, समीरण भट्ट और विनय सिंह—को जिम्मेदारी दी गई है। पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण नैनीताल में कानून-व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, पर्यटकों की सुरक्षा और अपराध नियंत्रण जैसी चुनौतियों को देखते हुए इन तैनातियों को पुलिस प्रशासन की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
वहीं हरिद्वार में ASP देव व्रत जोशी के साथ DSP दक्ष शोखंद की तैनाती भी जिले की पुलिसिंग को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम के तौर पर देखी जा रही है। हरिद्वार में वर्षभर धार्मिक गतिविधियों, पर्यटन, भीड़ प्रबंधन और कानून-व्यवस्था से जुड़ी चुनौती बनी रहती है।
नई जिम्मेदारियों के साथ बढ़ेगी जवाबदेही
नई तैनाती के बाद सभी अधिकारियों को अपने-अपने जनपदों और पुलिस इकाइयों में कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, पुलिसिंग, जनसुरक्षा और विभागीय दायित्वों का निर्वहन करना होगा। नई जिम्मेदारियों के साथ अधिकारियों से बेहतर समन्वय, प्रभावी पुलिसिंग और जनता की शिकायतों के त्वरित निस्तारण की अपेक्षा भी रहेगी।
पुलिस विभाग में इस स्तर पर हुए फेरबदल का असर आने वाले समय में संबंधित जिलों की पुलिसिंग और प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर दिखाई दे सकता है। अब इन अधिकारियों के सामने अपनी नई जिम्मेदारियों को प्रभावी ढंग से निभाने के साथ-साथ जनता में पुलिस के प्रति विश्वास मजबूत करने और कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने की चुनौती होगी।