हरिद्वार, 4 अगस्त।
धर्मनगरी हरिद्वार में आयोजित विश्व प्रसिद्ध कांवड़ मेले 2026 के दौरान उत्तराखंड सरकार ने शिवभक्त कांवड़ियों के स्वागत एवं सम्मान के लिए भव्य आयोजन किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी हरिद्वार पहुंचे, जहां होटल अलकनंदा परिसर में आयोजित कार्यक्रम में उनका जोरदार स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री के आगमन के साथ ही हेलीकॉप्टर से हजारों शिवभक्त कांवड़ियों पर पुष्पवर्षा की गई। आसमान से बरसते पुष्पों के बीच पूरा वातावरण “हर-हर महादेव” के जयघोष से गूंज उठा और श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शिवभक्तों की
स्वास्थ्य सुरक्षा और सुविधा के उद्देश्य से स्थापित मुख्यमंत्री सेवा शिविर का विधिवत उद्घाटन किया। इसके बाद उन्होंने स्वयं शिवभक्त कांवड़ियों का चरण प्रक्षालन कर उनका सम्मान किया तथा उन्हें भगवा पटका पहनाकर अभिनंदन किया। मुख्यमंत्री का यह भावनात्मक और श्रद्धापूर्ण व्यवहार श्रद्धालुओं के बीच विशेष आकर्षण का केंद्र रहा।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि कांवड़ यात्रा केवल एक धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि सेवा, समर्पण, अनुशासन और भारतीय संस्कृति की महान परंपरा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि शिवभक्तों में स्वयं भगवान शिव का स्वरूप विद्यमान है और उनकी सेवा करना राज्य सरकार के लिए सौभाग्य एवं पुण्य का कार्य है।
उन्होंने बताया कि उत्तराखंड सरकार पिछले पांच वर्षों से लगातार कांवड़ यात्रा के दौरान शिवभक्तों की सेवा में जुटी हुई है। मुख्यमंत्री सेवा शिविरों के माध्यम से अब तक 48 हजार से अधिक कांवड़ियों का उपचार किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग, पुलिस, प्रशासन, आपदा प्रबंधन, नगर निकाय और अन्य सभी विभाग समन्वय के साथ दिन-रात कार्य कर रहे हैं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने कांवड़ यात्रा को सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है, वहीं गंगा तटों और जलमार्गों पर आपात स्थिति से निपटने के लिए वाटर एम्बुलेंस जैसी आधुनिक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं। इसके साथ ही चिकित्सा शिविर, पेयजल, स्वच्छता, ट्रैफिक प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि प्रत्येक शिवभक्त सुरक्षित, सुगम और श्रद्धापूर्ण वातावरण में अपनी यात्रा पूरी करे। उन्होंने यह भी कहा कि यदि व्यवस्थाओं में कहीं कोई कमी रह गई हो तो राज्य सरकार उसके लिए शिवभक्तों से क्षमा प्रार्थी है और भविष्य में व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के लिए निरंतर प्रयास किए जाएंगे।
कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में संत-महात्मा, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, पुलिस अधिकारी तथा हजारों की संख्या में शिवभक्त कांवड़िये उपस्थित रहे। हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा, मुख्यमंत्री द्वारा चरण प्रक्षालन और शिवभक्तों के सम्मान ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया।