ऑनलाइन दवा बिक्री पर उठाए गंभीर सवाल, मरीजों की सुरक्षा को बताया खतरे में…
हरिद्वार, 18 मई 2026।
कल रविवार 17 मई को प्रेसक्लब सभागार में आयोजित प्रेसवार्ता में उत्तरांचल औषधि व्यवसायी महासंघ के सदस्यों ने आगामी 20 मई को होने वाले राष्ट्रव्यापी बंद को लेकर विस्तृत जानकारी दी।
इस दौरान ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट के महासचिव अमित गर्ग ने कहा कि ऑनलाइन दवाइयों की बिक्री करने वाले ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म अनियंत्रित रूप से लाभ कमा रहे हैं तथा ड्रग कानूनों का पालन नहीं कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बिना भौतिक सत्यापन के एक ही पर्चे पर बार-बार दवाइयों की बिक्री की जा रही है, जो पूरी तरह गलत और खतरनाक है।
उन्होंने बताया कि देशभर के लगभग 12.40 लाख केमिस्ट इस व्यवस्था से प्रभावित हो रहे हैं। साथ ही ऑनलाइन बिक्री प्लेटफॉर्म बिना उचित जांच-पड़ताल के एंटीबायोटिक एवं नशीली दवाइयों को उपभोक्ताओं तक पहुंचा रहे हैं, जिससे दुरुपयोग और स्वास्थ्य संबंधी गंभीर खतरे बढ़ रहे हैं।
अमित गर्ग ने कहा कि संगठन द्वारा कई बार प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजकर इस समस्या की ओर ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला। इससे देशभर के दवा विक्रेताओं में भारी रोष व्याप्त है।
उन्होंने यह भी कहा कि कुछ बड़े दवा निर्माता कंपनियां भारी डिस्काउंट देकर बाजार का संतुलन बिगाड़ रही हैं, जबकि आवश्यक दवाओं पर मुनाफे की सीमा सरकार द्वारा पहले से निर्धारित है।
प्रेसवार्ता में कहा गया कि यह केवल व्यापार का मुद्दा नहीं, बल्कि मरीजों की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर विषय है। यदि 20 मई तक सरकार उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं करती, तो दवा व्यापारी अनिश्चितकालीन आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
प्रेसवार्ता में अमित गर्ग, अजय अरोड़ा और अतुल जैन भी उपस्थित रहे।