मास्क, कपड़े और हेयर स्टाइल बदलकर पुलिस को चकमा देते थे आरोपी, उत्तराखंड से यूपी तक फैला था चोरी का नेटवर्क…
हरिद्वार,07 सितंबर 2026।
वाहन चोरी की लगातार बढ़ती घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान में झबरेड़ा पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार नवनीत सिंह के नेतृत्व में पुलिस ने दो कथित शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे और निशानदेही पर 19 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपी उत्तराखंड के साथ-साथ उत्तर प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में भी सक्रिय थे।
मामले का खुलासा करने के लिए पुलिस टीम ने करीब 500 से अधिक CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच में सामने आया कि आरोपी अपनी पहचान छिपाने के लिए बार-बार मास्क, कपड़े और हेयर स्टाइल बदलते थे। इस वजह से उनकी पहचान करना पुलिस के लिए चुनौतीपूर्ण था, लेकिन तकनीकी निगरानी और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंचने में सफल रही।
मोटरसाइकिल चोरी के बाद शुरू हुई जांच
पुलिस के अनुसार 17 अगस्त 2026 को आस मोहम्मद निवासी ग्राम बिझोली, कोतवाली मंगलौर ने ग्राम लाठदेवा शेख, कोतवाली झबरेड़ा क्षेत्र से अपनी हीरो स्प्लेण्डर मोटरसाइकिल चोरी होने की शिकायत दर्ज कराई थी। मामले में मुकदमा संख्या 139/2026 दर्ज किया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी हरिद्वार ने मामले के शीघ्र खुलासे के लिए विशेष टीम गठित करने के निर्देश दिए। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण के निर्देशन, क्षेत्राधिकारी मंगलौर के पर्यवेक्षण और प्रभारी निरीक्षक झबरेड़ा के नेतृत्व में टीम ने घटनास्थल तथा संभावित आवाजाही वाले मार्गों की CCTV फुटेज खंगालनी शुरू की।
500 से ज्यादा कैमरों की फुटेज ने जोड़े सुराग
पुलिस टीम ने करीब 500 CCTV कैमरों की फुटेज का बारीकी से विश्लेषण किया। साथ ही पूर्व में वाहन चोरी की घटनाओं में शामिल रहे संदिग्धों का सत्यापन किया गया और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया।
जांच के दौरान आरोपियों की गतिविधियों से जुड़े महत्वपूर्ण सुराग पुलिस के हाथ लगे। पुलिस के मुताबिक आरोपी पहचान से बचने के लिए अपना पहनावा और हेयर स्टाइल बदलते रहते थे। इसके बावजूद पुलिस ने तकनीकी और मैनुअल इनपुट के आधार पर उनकी गतिविधियों पर नजर बनाए रखी।
फाजिलपुर चौराहे पर दबोचे गए दोनों आरोपी
6 सितंबर 2026 को चेकिंग के दौरान मुखबिर से मिली सटीक सूचना पर पुलिस टीम ने फाजिलपुर चौराहे के पास दो आरोपियों को चोरी की मोटरसाइकिल के साथ गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद आरोपियों की निशानदेही पर अलग-अलग स्थानों से 18 अन्य मोटरसाइकिलें बरामद की गईं। इस तरह कुल 19 चोरी की बाइक पुलिस के हाथ लगीं।
पुलिस के अनुसार पूछताछ में बरामद मोटरसाइकिलों में से कई को विभिन्न थाना क्षेत्रों से चोरी करना स्वीकार किया गया है। इनमें कोतवाली झबरेड़ा से दो, कोतवाली नगर हरिद्वार से एक, सिविल लाइंस रुड़की से एक और थाना सदर बाजार सहारनपुर से एक मोटरसाइकिल शामिल है। बरामद अन्य मोटरसाइकिलों के संबंध में पुलिस संबंधित जनपदों और थाना क्षेत्रों से जानकारी जुटा रही है।
दोनों आरोपियों की पहचान
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अरमान पुत्र मुज्जमिल, निवासी तेलीवाला, कोतवाली गंगनहर, हरिद्वार तथा मोनू पुत्र महेंद्र, निवासी बरशेर सिकंदरपुर, थाना सिरौली, जिला बरेली, उत्तर प्रदेश, हाल निवासी शक्ति विहार, रेलवे स्टेशन के पास, कोतवाली गंगनहर, हरिद्वार के रूप में हुई है।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक अरमान के खिलाफ गंगनहर, झबरेड़ा, नगर हरिद्वार, सदर बाजार सहारनपुर और सिविल लाइंस रुड़की में विभिन्न मुकदमे दर्ज हैं। वहीं मोनू के खिलाफ भी झबरेड़ा, नगर हरिद्वार, सदर बाजार सहारनपुर और सिविल लाइंस रुड़की में वाहन चोरी से संबंधित मुकदमे दर्ज बताए गए हैं।
बरामदगी से सामने आया बड़ा नेटवर्क
पुलिस द्वारा बरामद की गई 19 मोटरसाइकिलों में अधिकांश हीरो स्प्लेण्डर और स्प्लेण्डर प्लस हैं। कई बाइक बिना नंबर प्लेट के बरामद हुई हैं, जबकि कुछ पर अलग-अलग राज्यों के नंबर अंकित मिले हैं। एक मोटरसाइकिल के दोनों टायर गायब मिले, जबकि उसका इंजन नंबर घिसा हुआ बताया गया है। एक अन्य बाइक के चेसिस और इंजन नंबर अपठनीय हैं।
बरामद वाहनों के वास्तविक स्वामियों और उनके चोरी से संबंधित मामलों की पुष्टि के लिए पुलिस संबंधित थानों से संपर्क कर रही है। पुलिस की जांच आगे बढ़ने पर वाहन चोरी के इस नेटवर्क से जुड़े अन्य मामलों और संभावित आरोपियो के बारे में भी जानकारी सामने आने की संभावना है।
पुलिस टीम की अहम भूमिका
इस कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक विजय सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक सतेन्द्र भंडारी, उपनिरीक्षक नीरज रावत, अपर उपनिरीक्षक गिरीश सिंह, हेड कांस्टेबल रामवीर, हेड कांस्टेबल गजपाल, हेड कांस्टेबल मोहन खोलिया और कांस्टेबल मनीष चौहान शामिल रहे।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है। साथ ही बरामद अन्य मोटरसाइकिलों के संबंध में विभिन्न थाना क्षेत्रों से सत्यापन कराया जा रहा है। पुलिस की इस कार्रवाई को वाहन चोरी की घटनाओं के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है।