
उत्तराखंड में कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए चलाए जा रहे “ऑपरेशन प्रहार” के तहत पुलिस ने बड़ी और तेज कार्रवाई करते हुए कई संगीन मामलों का खुलासा किया है। प्रदेश में अपराधियों के खिलाफ सख्ती का असर अब जमीन पर साफ दिखाई दे रहा है, जहां पुलिस लगातार शिकंजा कस रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की सख्ती के निर्देशों के बाद पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई जारी है।
सबसे प्रमुख मामले में राजपुर क्षेत्र में हुई फायरिंग और हत्या की घटना में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन और अभियुक्तों—आदेश गिरी पुत्र ओमप्रकाश गिरी निवासी शिवपुरी गडीपुता, थाना गडीपुता जनपद शामली (उ0प्र0), समीर चौधरी पुत्र चरमेनदर सिंह निवासी ग्राम गदर जुड्डा, थाना मंगलौर जनपद हरिद्वार तथा मोहित अरोड़ा पुत्र रमेश अरोड़ा निवासी बी-43 रामा पार्क रोड, मोहन गार्डन, उत्तम नगर, नई दिल्ली को गिरफ्तार किया है। यह घटना बार में हुए विवाद के बाद दो पक्षों के बीच रोड रेंज के दौरान हुई फायरिंग से संबंधित है, जिसमें मॉर्निंग वॉक पर जा रहे एक वृद्ध ब्रिगेडियर को गोली लगने से मौत हो गई थी। इस प्रकरण में इससे पहले भी चार अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जबकि अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
इसके अतिरिक्त महाराष्ट्र के अलीबाग क्षेत्र में हुई 18.5 लाख रुपये की डकैती के मामले में फरार आरोपी योगेश रमेश लहारे (उम्र 31 वर्ष ) पुत्र रमेश लहारे निवासी पडसगांव बुधरु, थाना मानगांव, जिला रायगढ़ (महाराष्ट्र) को देहरादून और महाराष्ट्र पुलिस की संयुक्त टीम ने ऋषिकेश क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था, जिसे सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर तंत्र और सघन ट्रैकिंग अभियान के जरिए चिन्हित कर पकड़ा गया। आवश्यक कार्रवाई के बाद आरोपी को महाराष्ट्र पुलिस को सुपुर्द कर दिया गया।
इसी क्रम में उड़ीसा के कटक जनपद से जेल तोड़कर फरार हुए एक लाख रुपये के इनामी अपराधी राजा साहनी (उम्र 34 वर्ष) पुत्र महेश साहनी निवासी लोदिया नगर, थाना मीरगंज, जिला बेगूसराय (बिहार) को भी ऋषिकेश क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया है। पुलिस टीमों ने सीसीटीवी विश्लेषण और सघन चेकिंग अभियान के माध्यम से वाहन सहित घेराबंदी कर आरोपी को दबोचा। आरोपी के खिलाफ विभिन्न राज्यों में कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनकी जानकारी जुटाई जा रही है।
वहीं जनपद देहरादून पुलिस ने ट्रैफिक पुलिस और कैंटोनमेंट बोर्ड के सहयोग से डाकरा बाजार क्षेत्र में अतिक्रमण के खिलाफ सघन अभियान चलाया। इस दौरान सड़क किनारे किए गए अवैध अतिक्रमण हटाए गए और कई लोगों के खिलाफ पुलिस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। साथ ही फुटपाथ और पार्किंग जोन में खड़े वाहनों को क्रेन के माध्यम से हटाकर चालान किया गया।
डीजीपी उत्तराखंड दीपम सेठ ने बताया कि “ऑपरेशन प्रहार” के तहत पूरे प्रदेश में व्यापक स्तर पर चेकिंग और सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस की मौजूदगी बढ़ाई गई है और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी है, ताकि प्रदेश में कानून व्यवस्था और अधिक मजबूत बनाई जा सके।